Wednesday, 3 August 2016

मदीना -9 बाते इनके बारे में आपको शायद जानकारी नहीं होगी।

मदीना , इस्लामिक दुनिया का पवित्र स्थल , यह वो शहर है जहां मक्का से मोहम्मद सल अल्लाह अलैहि वसल्लम ने हिजरत  करके अपना स्थान बनाया था। यह वही शहर है जहा लगभग हर मुसलमान एक बार जाने का स्वपन अवश्य रखता है।  यूं तो मदीना के बारे में आपको बहुत सी बाते पता होंगी पर आज जो 9 बाते हम बताने जा रहे है इनके बारे में आपको शायद जानकारी नहीं होगी।


1. मदीना केवल मस्जिदे नबवी नहीं बल्कि तीन प्राचीन मस्जिदों का घर है जिसमे मस्जिदे क़ुबा और मस्जिदे किब्लतैन शामिल है। 



2. मदीना में जो पहली मस्जिद बनाई गयी थी वह सन 622 में मस्जिदे क़ुबा थी।  जो बिजली गिरने के कारण शहीद हो गयी थी। 



3. चौथी सदी में मदीना तीन प्रसिद्ध यहूदी कबीलो में मदीना को बसाया था 



4. मदीना का पुरातन नाम यथरिब था जिसको मोहम्मद साल अल्लाह अलैहि वसल्लम के ज़माने में मदीना-तुल-रसूल यानी रसूल का शहर कहा जाने लगा फिर यह नाम छोटा होते होते मदीना रह गया।  मदीना का मतलब शहर होता है। 



5. 1908 में यह शहर उस्मानी खिलाफत में हिजाज़ रेलवे से जुड़ा हुआ था  


6. प्रथम विश्व युद्ध में मदीना को इतिहास की सबसे बड़ी घेराबंदी झेलनी पड़ी थी।  यह शहर उस्मानी खिलाफत के अंतर्गत आता था लेकिन इसपर शासन हाश्मी जाति के स्थानीय अमीर द्वारा किया जाता था। फखरी पाशा उस्मानी खिलाफत का मदीना में गवर्नर था और अली इब्न हुसैन हाश्मी जाति के मुखिया थे। उन्होंने उस्मानिया खिलाफत से बगावत की तो 1916 से 1919 तक 2 वर्ष और 7 महीने घेराबंदी रही  



7. मदीना हिजाज़ क्षेत्र का सबसे ज़्यादा उपजाऊ हिस्सा है 


8. 1256 में मदीना पर हर्रत राहत के एक विस्फोट से लावा आगया था, जो सऊदी अरब का सबसे बड़ा लावा फील्ड है  

9. 1920 से 139 किस्म की अलग अलग खजूरे यहाँ उगाई जा रही है 

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